बुखार होने पर पेरासिटामोल (क्रोसिन, डोलो, कैल्पोल आदि) की 500 mg की गोली हर 4 घंटे बाद ले सकते हैं. हल्के-फुल्के सीजनल बुखार एक आध दिन में उतर जाते हैं. तेज दर्द निवारक दवाएं जैसे डिस्प्रिन, कॉन्बिफ्लेम आदि न लें.  बहुत तेज बुखार होने पर निमेसुलाइड, आइबुप्रोफेन या मेफेनैमिक एसिड की आधी गोली ले सकते हैं. अपने आप से एंटीबायोटिक्स न लें क्योंकि हर इंफेक्शन में अलग-अलग एंटीबायोटिक काम करती हैं.  ठंड लगकर बुखार आने पर अपने आप से मलेरिया की दवा न खाएं क्योंकि ठंड लगकर बुखार बहुत से कारणों से आ सकता है.

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गर्भावस्था जन्य डायबिटीज ( जेस्टेशनल डायबिटीज, Gestational Diabetes ) – [Cloned #1373]

यदि किसी महिला को गर्भावस्था के दौरान पहली बार डायबिटीज की बीमारी होती है तो इसे गर्भावस्था जन्य डायबिटीज (जेस्टेशनल डायबिटीज, Gestatio...

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लॉकडाउन के दौरान बीमारी ( Sickness during total lockdown )

लॉक डाउन के दौरान किसी को कोई बीमारी हो जाए तो काफी परेशानी हो जाती है. इसके लिए पहले से कुछ तैयारी रखें तो इस परेशानी को कम किया जा सक...

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उच्च रक्तचाप ( हाई ब्लड प्रेशर , High Blood Pressure )

हाई ब्लड प्रेशर के संबंध में जानने योग्य कुछ बातें हमारा हृदय एक निश्चित दवाब के साथ रक्त धमनियों में पम्प करता है. इसी को सामान्य ब...

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ऐलर्जी वाला जुकाम ( Allergic Rhinitis )

वायु मंडल में लगातार बढ़ते धुंए,  हानिकारक रसायन, पेड़ पौधों के रेशे व पराग कण एवं जानवरों के रोएँ के कारण ऐलर्जी की बीमारियाँ बढ़ रही हैं...

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